बिहार के सपूत विकास वैभव को जन्मदिन की शुभकामनाएँ

आज 21 नवम्बर को विकास वैभव जी (जो वर्तमान में भागलपुर के डीआईजी हैं) का जन्मदिन है | उनके जन्मदिन के अवसर पर पटना पेज3 टीम और पाठकों की तरफ से उनको ढेरों शुभकामनाएँ |

विकास वैभव – कल और आज

विकास वैभव जी सिर्फ एक उच्च पुलिस अधिकारी ही नहीं हैं | २००३ में पुलिस सेवा में आने से पूर्व उन्होंने आईआईटी कानपुर से मैकेनिकल इंजीनियरिंग में स्नातक किया है | वैसे तो ये सुर्ख़ियों में ज्यादा नहीं रहते, लेकिन जब भी वो सुर्ख़ियों में आते हैं तो अपने पुलिस कार्यक्षेत्र के अलावा इतिहास, पुरातत्व  और फोटोग्राफी में उनका शौक भी सुर्ख़ियों में होने का कारण होता है | भारत के प्राचीन इतिहास और धरोहरों के लिए जो कार्य विकास वैभव जी कर रहे हैं वो वर्तमान में अतुलनीय है |

Vikas Vaibhav
Image Source – https://www.facebook.com/pg/vaibhavpolice/

विकास वैभव की कार्यशैली

भारतीय पुलिस सेवा में होते हुए जो कार्य उन्होंने किया है (और कर रहे हैं) उसमे सेवा भावना और एक सकारात्मक बदलाव की पहल साफ़ साफ़ दिखती है | उनकी सोच और उनके काम करने का नजरिया अन्य पुलिस अधिकारीयों से बिलकुल अलग है | चाहे वो रोहतास में बिताये समय के दौरान आतंक से लड़ने की उनकी अनूठी सोच हो, जिसमे उपेक्षित लोगों को मुख्य धारा से जोड़ना और पर्यटन को बढ़ावा देना एक महत्वपूर्ण पहलु रहा | रोहतास के किले से नक्सलियों को भगाकर वहां पर तिरंगा फहराना, किले तक जाने के लिए सड़क मार्ग की समुचित व्यवस्था को सुनिश्चित करना, और रोहतास किले को पर्यटन के लिए अनुकूल बनाना; इसमें एक समाजसेवी की सोच ज्यादा दिखती है | दूसरी ओर पटना में एसएसपी बनने के अगले दिन ही एक बाहुबली को गिरफ्तार करने की त्वरित कार्यशैली उनके आक्रामक स्वरुप को भी दिखाती है |

Rohtas Fort
Image Source –
http://silentpagesindia.blogspot.in/

विकास वैभव – एक किस्सागो

विकास वैभव को उनके प्रशंसक एक पुलिस अधिकारी, इतिहास और पुरातत्व प्रेमी के तौर पर तो जानते ही हैं, लेकिन एक अन्य बात जो शायद लोग समझते हैं और पसंद भी करते हैं, लेकिन इसका उल्लेख नहीं मिलता, वो है उनकी किस्सागोई (storytelling) | सरल सहज शब्दों में अपनी बात को रखने की जो कला उनके पास है वो इतिहास और पुरातत्व जैसे खास विषयों को भी आम जन की पसंद से जोड़ता है | उनके द्वारा किये गए पुरातात्विक शोध और पौराणिक धरोहरों की अनकही गाथा (एकदम नए तथ्यपरक रूप में) उनके ब्लॉग http://silentpagesindia.blogspot.in पर उपलब्ध है |

वर्तमान में विकास वैभव जी सोशल मीडिया (https://www.facebook.com/vaibhavpolice) पर सक्रिय हैं जहाँ वो आम जनता से सीधे सीधे रूबरू होते हैं | एक बार फिर से आज उनके जन्मदिन पर, उन्हें ढेरों बधाईयाँ |

Anubha Rani

I'm an avid reader, a foodie, and a movie buff; who is passionate about the positivity around us. I love to dream and convert those dreams into words. At one moment I'm inside a shell and the very next moment I'm the ferocious one. Dynamism is my forte. Apart from being a dreamer, I'm also a woman with a beating heart and a curious mind questioning traditional social norms. I'm a rebel at one moment and just opposite at the very next moment. My fuel is the smile of my son, the happiness of my family, and lots of coffee. I'm also not ashamed of spending money on buying books and to fill my (always empty) stomach.

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